प्रबंधक

उत्तराखंड से संबंधित समस्त जानकारी इंटरनैट पर लाने का संकल्प लिये एक अदना सा व्यक्ति। अपने फोरम और मेरा पहाड़ के साथ प्रयासरत।

One response to “आवा दिदा भुलौं आवा, नांग धारति की ढकावा , डाळि बनबनी लगावा”

  1. बहुत खुबसूरत गाना है…मन करता है की रोज इस गाने को सुनु..और लोगो को भी सुनाऊ.
    आप से विनम्र निवेदन है अगर हों सके तो यें गाना मुझे मेरी मेल ID पर दे दीजिये..
    मेरी मेल ID है naveensaklani@gmail.com
    मै आप का आभारी रहूँगा..

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